माफिया से नेता बने अतीक अहमद ने अपनी हत्या से कुछ दिन पहले ही जान को खतरा होने की आशंका जताई थी। गुजरात की साबरमती जेल से उत्तर प्रदेश लाए जाने के दौरान अतीक ने पुलिस और मीडिया के सामने कहा था कि उसकी हत्या की साजिश रची जा रही है। बाद में प्रयागराज में उसकी और उसके भाई अशरफ की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ को पुलिस मेडिकल जांच के लिए प्रयागराज के एक मेडिकल कॉलेज लेकर जा रही थी। इसी दौरान तीन हमलावरों ने दोनों पर बेहद करीब से गोलियां चला दीं। अचानक हुई फायरिंग से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
### पहले भी जताई थी हत्या की आशंका
अतीक अहमद को गुजरात की साबरमती जेल से उत्तर प्रदेश लाए जाने के दौरान उसने कई बार अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई थी। उसने कहा था कि उसे डर है कि उसे रास्ते में या यूपी पहुंचने के बाद मार दिया जाएगा।
अतीक ने यह भी दावा किया था कि उसे अपनी हत्या की साजिश की जानकारी है। पुलिस की सुरक्षा में होने के बावजूद उसने अपनी जान को खतरा बताया था। उस समय उसके बयानों को लेकर काफी चर्चा हुई थी।
### उमेश पाल हत्याकांड में था आरोपी
अतीक अहमद प्रयागराज के चर्चित उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी था। उमेश पाल की हत्या के बाद पुलिस और जांच एजेंसियों ने अतीक के परिवार और उसके करीबियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी थी। इस मामले में अतीक और उसके भाई अशरफ से भी पूछताछ की जा रही थी।
उमेश पाल हत्याकांड के बाद अतीक को गुजरात की साबरमती जेल से प्रयागराज लाया गया था। इसी दौरान उसकी सुरक्षा को लेकर लगातार सवाल उठ रहे थे।
### पुलिस सुरक्षा के बीच हुई हत्या
अतीक और अशरफ को मेडिकल जांच के लिए ले जाया जा रहा था। दोनों जैसे ही मीडिया से बात करने के लिए रुके, तभी तीन हमलावरों ने उन पर गोलियां बरसा दीं। पुलिस ने तुरंत तीनों आरोपियों को मौके से पकड़ लिया।
घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और घटनास्थल से सबूत जुटाए। अतीक अहमद की हत्या के बाद उसके द्वारा पहले जताई गई जान के खतरे की आशंका का बयान एक बार फिर चर्चा में आ गया।
